अभिनेत्री भाग्यश्री ने किया डॉ. प्रेम जग्यासी की किताब ‘कार्व योर लाइफ़’ का विमोचन

अभिनेत्री भाग्यश्री ने किया डॉ. प्रेम जग्यासी की किताब ‘कार्व योर लाइफ़’ का विमोचन

‘कार्व योर लाइफ़ : लिव ए ग्रेट लाइफ़ विद कार्विज़्म’ लोगों के सशक्तिकरण से जुड़ी एक ऐसी किताब है जो लोगों को अपने होने के सही मायने सिखाती है, ज़िंदगी का सही अर्थ समझाती है और कामयाब अंदाज़ में जीव‌न जीने की राह बताती है. इस किताब का प्रकाशन टाइम्स ग्रुप बुक ने‌ किया और इसका विमोचन फ़िल्मों और टीवी से जुड़ी एक मशहूर हस्ती भाग्यश्री ने किया.

‘कार्व योर लाइफ़’ डॉ. प्रेम जाग्यासी द्वारा प्रचिलित कार्विज़्म के सिद्धांतों को पेश करती है. इसे उन्होंने ‘सेल्फ़ कार्विंग क्वालिटीज़’, ‘शेप योर माइंड’ और ‘फ़ाइंड योर पैशन’ के ज़रिए समझाया है. लेखक के मुताबिक, हमारी ज़िंदगी गैर-ज़रूरी चीज़ों को हासिल करने के बोझ तले दब गयी है, जिसके चलते हम अपनी ज़िंदगी को सही मायनों में समझ नहीं पा रहे हैं और न ही उसे ‘अनकवर’ कर पा रहे हैं. अगर हम ऐसा करने के क़ाबिल हो जाते हैं तो हमें अपनी ज़िंदगी का असली मकसद समझ आ जाएगा और इसे हम हंसी-ख़ुशी गुज़ार पाएंगे. ऐसे में अपनी ज़िंदगी की कार्विंग ही ख़ुशहाम जिंदगी का एकमात्र उपाय है.

लेखक डॉ. प्रेम जाग्यासी विश्व स्तर के प्रख्यात लीडर और जाने-माने लाइफ़ कोच हैं. उन्होंने अब तक कई अहम व्याख्यान दिए हैं और कई देशों में‌ महत्वपूर्ण और मुद्दों पर आधारीत कार्यशालाओं का भी आयोजन कर चुके हैं. वो कस्टमाइज़ तरीके से
कार्व योर लाइफ़ ट्रेनिंग प्रोगाम के लिए काफ़ी मशहूर हैं. अपनी इस किताब में उन्होंने मिनिमिलिज़्म यानि ग़ैर-भौतिकतावाद, उत्पादकता और ख़ुद में संपूर्ण बदलाव से जुड़े तमाम सवालों के जवाब दिए हैं.

किताब लिखने की अपनी प्रेरणा के बारे में बोलते हुए डॉ. प्रेम जग्यानी ने कहा, “कम‌ से कम भौतिक चीज़ों का इस्तेमाल करते हुए अपनी ज़िंदगी को भरपूर अंदाज़ में जीने की कला ही ख़ुद में अधिकतम बदलाव लाने का सबसे बढ़िया तरीका है. मेरी ये किताब उन सभी के लिए किसी मसीहा की तरह काम आएगी जो अपनी ज़िंदगी के मायने ढूंढना चाहते हैं और ज़िंदगी को सर्वश्रेष्ठ तरीके से जीना चाहते हैं.”

इस किताब को अभिनेत्री भाग्यश्री ने‌ लॉन्च किया. वो एक ऐसी अभिनेत्री हैं जो अपनी शर्तों पर ज़िंदगी जीती हैं. इतना ही नहीं, वो समाज और फ़िल्म इंडस्ट्री के प्रति अपने उत्तरदायित्व के प्रति भी काफ़ी सजग हैं और दोनों को बराबर अपना योगदान देती रहती हैं. लेखक के मुताबिक, भाग्यश्री एक ऐसी शख़्स हैं जिन्होंने सही मायने में कार्विज़्म के हिसाब से अपनी ज़िंदगी को जिया है और यही वजह है कि ‘कार्व योर लाइफ़’ के‌ विमोचन के लिए वे एकदम उपयुक्त शख़्सियत हैं.

किताब की तारीफ़ करते हुए भाग्यश्री ने कहा, “अक्सर हम कामयाबी की अतार्किक परिभाषा गढ़ लेते हैं. बहुत कुछ हासिल करने से ज़्यादा ज़िंदगी के लिए अपने योगदान को रेखांकित करना ज़रूरी है. जिस चीज़ में आपको खुशी मिले वो सब करना चाहिए, अपने जुनून को फॉलो करना चाहिए और अपनी दिल की सुनना चाहिए. प्रेम जग्यासी की किताब में कार्विज़्म सिद्धांतों के‌ ज़रिए हमें अपनी जिंदगी से ग़ैर-ज़रूरी चीजें मिटाने और हमें पूर्णता का एहसास कराने वाले व हमारी ज़िंदगी को अर्थपूर्ण बनाने वाली चीज़ों को बनाए रखने से संबंधित अच्छी मिसालें मिलेंगी.”

हाल ही के दशक में, व्यवहारिकता पर आधारित, सामायिक और जीवन में प्रेरणा देनेवाली किताबों की मांग काफ़ी बढ़ी है. ‘कार्व योर लाइफ़’ उसी खायी को पाटने, लोगों को ज़िंदगी के सही मायने समझाने और ज़िंदगी को ख़ुशनुमां बनानेवाले भौतिक व ग़ैर-भौतिक पहलुओं पर प्रकाश डालने की उम्दा कोशिश है.

इस किताब का संपादन, प्रकाशन और विपणन टाइम्स ग्रुप बुक्स (टीजीबी) ने किया है. टीजीबी की सीनियर एडिटर मधुलिता मोहंती ने इस किताब के संबंध‌ में कहा, “हम इस किताब ‘कार्व योर लाइफ़’ के प्रकाशन को लेकर बेहद ख़ुश हैं. हम यकीन है कि डॉ. प्रेम जग्यासी द्वारा विकसित की गयी कार्विस्म की फ़िलोसॉफ़ी को पढ़ने से पाठकों को बहुत लाभ होगा क्योंकि इसमें अपनी क्षमता को भरपूर तरह से इस्तेमाल करने का कारगर मंत्र शामिल है.”